Tuesday, 22 May 2018

MobiiStar आज लांच करेगी अपने स्मार्टफोन लेकिन खरीदना मत बस कूड़ा है

मत खरीदना ये मोबाइल कूड़ा है।
स्मार्टफ़ोन हाथ में हो और सेल्फी ना हो ये संभव नहीं है. आज सेल्फी किसी भी मोबाइल का एक बड़ा फीचर बन गया है. एक वियतनामी कंपनी MobiiStar भी अपने सेल्फी सेंट्रिक स्मार्टफ़ोन MobiiStar XQ और CQ भारतीय बाजार में लेकर आ रही  है. जिसके कुछ लीक्स मिले हैं, उनके अनुसार स्मार्टफोन में स्नैपड्रैगन का प्रोसेसर होगा XQ SANPDRAGON 430 CQ 425 के साथ आ रहा है।
Picture From Google 

जैसा कि कम्पनी का दावा है कि फ़ोन से शानदार सेल्फी मिलेगी तो लगता है कैमरा सेगमेंट में कुछ विशेष फीचर जरूर मिलेंगे. कम्पनी बजट रेंज में दमदार फोन लाने का दावा कर रही है, यहाँ इस समय बजट रेंज मोबाइल फोन की बड़ी रेंज मार्केट में उपलब्ध है, ऐसे मैं हर सेगमेंट में कुछ ख़ास फीचर लाकर ही इस कम्पटीशन में टिक पाना संभव होगा. वैसे जो जानकारियाँ मिल रही है Mobiistar 6,000 से 10,000 की कीमत में अपने फोन मार्केट में उतार सकती है.


कम्पनी 23 मई को दिल्ली में पहला स्मार्टफोन लौंच करेगी. फ़ोन की असेम्बली देश में ही कि जायेगी और ये फोन फ्लिपकार्ट पर ऑनलाइन उपलब्ध होगा जैसा कि फ्लिपकार्ट की साईट पर दिख रहा है. फ्लिपकार्ट पर जो इनफार्मेशन हैं उनमें ग्रेट सेल्फी कैमरा, फ़ास्ट स्नैपड्रैगन प्रोसेसर, लॉन्ग लास्टिंग बैटरी और आकर्षक मूल्य हैं. अब देखना ये है कि बजट और सेल्फी सेक्शन में कम्पनी क्या नया करती है.
आपका अगला ब्लॉग पोस्ट जिसमें फ़ोन से सम्बन्धित सभी जानकारियाँ होंगी आज शाम 9 बजे तक मिलेगा. MobiiStar पर एक डेडिकेटेड विडियो आपको हमारे YouTube चैनल पर भी मिलेगी.


Wednesday, 7 February 2018

प्लास्टिक या लैमिनेटेड आधार कार्ड से चोरी हो सकता है आपका डेटा



Picture: Google Search 
आधार को लेकर तमाम बातें कहीं जाती हैं, कई बार सुरक्षा को लेकर भी सवाल उठते रहें हैं अब खुद आधार अथॉरिटी ने कहा प्लास्टिक या पीवीसी पर प्रिंट कार्ड से आपकी आधार से जुडी जानकारियाँ चोरी की जा सकती हैं, इसके अलावा लेमिनेशन या पीवीसी प्रिंट होने पर कार्ड पर छपे QR कोड को रीड करना कठिन हो सकता है. इससे पहले भी आधार डाटा लीक होने या थर्ड पार्टी ट्रान्सफर होने की खबरें आती रही हैं. लेकिन सरकार इस प्रकार किसी संभावना से लगातर इनकार करती रही है.
लेकिन जिओ और एयरटेल जैसी कम्पनियों पर आधार दुरूपयोग के आरोप लगे हैं और एयरटेल ने तो सिम वेरिफिकेशन के नाम पर कई ग्राहकों के बैंक अकाउंट उनकी इजाजत बिना खोल दिए हैं, जिसके कारण आधार अथॉरिटी ने एयरटेल के आधार लिंक के अधिकार को कुछ समय तक के लिए सस्पेंड कर दिया था.
इसलिए अपने आधार कार्ड को ना ही लेमिनेट करवाएं और भूलकर भी उसे प्लास्टिक या पीवीसी पर प्रिंट ना करवाएं. 

Monday, 5 February 2018

आधार रखें अपडेट नहीं तो भविष्य में हो सकती है परेशानी

नई दिल्ली, आधार आज जिंदगी की संख्या बन चुका है, बैंक एकाउंट हो या फिर सिम कार्ड, पेंशन हो एक आकादमिक रिकार्ड्स सभी को आधार से जोड़ा जा रहा है। आधार एक यूनिक बायोमेट्रिक तकनीक है। जिसे हर व्यक्ति का व्यक्तिगत परिचय है। मात्र एक अंगूठे के वेरिफिकेशन से कई कार्य किये जा सकेंगे। 


लेकिन कई बार आधार की जानकारी अपडेट ना होना आपके लिए परेशानी का सबब बन सकता है। बिना आधार ना आप गैस की सब्सिडी ले सकते हैं, ना ही बैंक एकाउंट खुलवा सकते हैं। अब तो नर्सरी से लेकर कॉलेज तक बिना आधार के कुछ नहीं हो सकता है। 
अब भी तमाम लोगों के आधार में कई जानकारियाँ पूरी नहीं है कहीं नाम सही नहीं है, कई लोगों के आधार से फोन नंबर नहीं जुड़ा है ऐसी स्थिति में आप आधार डाउनलोड या उसमें कोई परिवर्तन बिना ओटीपी नहीं कर पाएंगे। अब आपको बताएं क्या आधार से लिंक नहीं होने पर आपको पेनाल्टी भी देनी पड़ सकती है? जी हाँ यदि आपने अपने आधार से पैन कार्ड नहीं जोड़ा है तो आपको हर वित्तीय वर्ष के अनुसार रूपया 10,000 पेनाल्टी देनी पड़ेगी।
इसके अलावा अलग अलग संस्थाएं आधार कार्ड से लिंक ना होने पर आपको बड़ी पेनाल्टी लगाई जा सकती है। अब नए पैन कार्ड के लिए अप्लाई करते समय आपको आधार संख्या को देना जरूरी कर दिया है। इनके अलावा म्यूच्यूअल फण्ड, बीमा, फिक्स डिपाजिट के साथ भी आधार देना पड़ेगा। कई एप जैसे digilocker जिसे आप प्ले स्टोर से डाउनलोड कर सकते हैं को भी आधार से जोड़ना जरूरी है। इसके अलावा एक अन्य सरकारी एप्प जो प्ले स्टोर से डाउनलोड कर सकते है वह है "उमंग" इस एप्प के जरिये आप आधार से लिंक हो कई सरकारी योजना से जुड़ सकते हैं, जैसे गैस बुकिंग, पेंशन योजनाएं आदि। एक ऐप के जरिये कई कामों को एक साथ करने का ये सबसे आसान तरीका है। आधार अंक से आप किसी भी UPI एप के जरिये फण्ड ट्रांसफर भी कर सकते हैं, ऐसा करने के लिए आपको बैंक से सम्बंधित कोई डिटेल्स नहीं देने होते हैं।
अब सवाल ये है कि आधार अपडेट कैसे करें? इसके दो तरीके हैं, एक तो आधार केंद्र जाइये या फिर ऑनलाइन लेकिन ऑनलाइन आप केवल पता और ईमेल एड्रेस ही अपडेट कर सकते हैं लेकिन इसके लिए आपको एड्रेस प्रूफ के लिए निर्धारित दस्तावेज अपलोड करने होंगे। आधार केंद्र से आप जन्मतिथि, नाम, पता या पिता का नाम भी संशोधित कर सकते हैं। इसके लिए आपके सभी बॉयोमेट्रिक पुनः लिए जाएंगे, आपकी फ़ोटो भी ली जाएगी। इस अपडेट के बाद आपको एक एनरोलमेंट आईडी दी जाएगी, जिसके बाद अपने नए अपडेट कार्ड को डाउनलोड कर सकते हैं।

Monday, 8 January 2018

कौन कहता है, ऑनलाइन पेमेंट सिक्योर है?

ऑनलाइन पेमेंट मतलब सिक्योर पेमेंट ऐसा कहा जाता है। लेकिन एटीएम पिन उड़ा कर या ओटीपी जानकर आपके खाते से पैसे उड़ाने की घटनाएं भी आम हैं। आये दिन ये खबरें आती हैं कि फलां आदमी ऑनलाइन फ्रॉड का शिकार हुआ। यहीं नहीं ऑनलाइन वॉलेट भी सुरक्षित नहीं है, आपकी जरा सी लापरवाही आपकी मेहनत पर पानी फेर सकती है। अभी हाल ही में paytm वॉलेट से पैसे उड़ाए जाने की कुछ घटनाएं शामिल हैं। इसके अलावा ऑनलाइन पैसे ट्रांसफर करने के नाम पर भी कई धोखाधड़ी की घटनाएं होती हैं, ऐसा तब होता है जब आप किसी एजेंट के माध्यम से किसी अन्य एकाउंट में पैसे ट्रांसफर करवाते हैं। यहां एजेंट किसी और एकाउंट में पैसे ट्रांसफर करता है, बकायदा आपके मोबाइल पर इस बात का मैसेज भी आता है कि पैसे ट्रांसफर हो गया है लेकिन आप कभी ये नहीं देखते हैं कि किस एकाउंट में पैसा ट्रांसफर हुआ है। जब आपको इस ठगी का पता चलता है तो आप एजेंट के पास जाते हैं तो एजेंट का सीधा उत्तर होता है, आपने जो डिटेल दी उसके अनुसार ही उसने पैसे जमा किये हैं। ऐसे में आपके पास करने को कुछ खास नहीं बचता है। इसलिए जब भी आप किसी के एकाउंट में इन एजेंट्स के जरिये पैसे जमा करवाएं तो ध्यान दे एकाउंट होल्डर का नाम क्या डाला जा रहा है, बैंक का नाम और कोड पर भी ध्यान दें। साथ ही जो रकम ट्रांसफर करनी है उसका अमाउंट भी अवश्य देख लें। हो सके तो ट्रांसफर मेसेज आते ही जिसके एकाउंट में पैसा डाला है उससे मालूम कर लें कि सही राशि उसके एकाउंट में ट्रांसफर हुई है या नहीं, जो राशि जमा होगी उसका SMS अकॉउंट होल्डर को भी मिल जाएगा। बिना कंफेरमशन के एजेंट का काउंटर ना छोड़े।

Friday, 5 January 2018

डी एल एड किससे लें सही जानकारियां

प्राइवेट स्कूलों में पढ़ाने वाले अप्रशिक्षित अध्यापकों के लिए 2 वर्षीय डी एल एड का कोर्स करना अनिवार्य हो गया है। जिसके चलते हजारों प्राइवेट स्कूल अध्यापकों ने इसके लिए NIOS नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ ओपन स्कूलिंग के माध्यम से अप्लाई किया है। लेकिन अब आगे असाइनमेंट्स, स्टडी सेंटर को लेकर सही जानकारियाँ लोगों को नहीं मिल पा रही है। रोज नए अपडेट के आने के कारण रजिस्ट्रेशन करवाने वाले अध्यापक काफी असमंजस की स्थिति में हैं NIOS के द्वारा हर राज्य में क्षेत्रीय केंद्र की स्थापना की है, हर केंद्र पर कोऑर्डिनेटर नियुक्त हैं लेकिन फिर भी सही जानकारी के अभाव में लोग परेशान हैं। ज्यादातर अध्यापकों को इसके बारे में जानकारियां भी नहीं कि उन्हें सही जानकारियां कहा से लेनी हैं। 
कई अध्यापक तो इसके रजिस्ट्रेशन करवाने के बाद इसे कैंसिल भी करवा रहे हैं। सालों से स्कूलों में पढ़ा रहें अध्यापकों को अब किसी प्रशिक्षण की क्या आवश्यकता पड़ गयी है? किसी के पास इसका जवाब नहीं है। सारे देश की तरह उत्तराखण्ड में भी यही हालात है यहां क्षेत्रीय केंद्र देहरादून है। जिसकी वेबसाइट www.rcddn.nois.ac.in है इसके अतिरिक्त यहां स्टेट कॉर्डिनेटर सीमा जौनसारी का मोबाइल न. 7533830222 भी दे रहे हैं जहां से डी एल एड के बारे में पूरी जानकारी ली जा सकती है। इसके अतिरिक्त देहरादून केंद्र निदेशक श्री प्रदीप कुमार रावत से भी मोबाइल 9410373391 जानकारियां ली जा सकती हैं।

क्या 7 जनवरी को बंद हो जाएगा आपका सिम

आजकल कई मोबाइल पर एक मैसेज लगातार आ रहा है कि आपका वर्तमान न. 7 जनवरी से बन्द हो सकता है। इससे कई लोग परेशान हैं, मेसेज में कहा जा रहा है आप यूनिक आइडेंटिटी कोड जेनेरेट कर अपने मोबाइल सिम को दूसरे सर्विस प्रोवाइडर के पास पोर्ट करवा लें। इसमें किसी सर्विस प्रोवाइडर का नाम नहीं दिया गया है। तमाम मोबाइल यूजर को ऐसा मेसेज मिल रहा है। अब बात करते हैं इस मैसेज की सच्चाई कि, ये मेसेज सर्विस मेसेज की तरह आ रहा है, मतलब किसी न. से नहीं आ रहा है, इसलिए कुछ लोग इसे सही मान रहे हैं। इस बारे में सोशल मीडिया पर भी जोरदार चर्चा है।
कई यूजर्स ने ट्वीटर पर अपने सर्विस प्रोवाइडर को ट्वीट कर इसके बारे में पूछा है। सभी सर्विस प्रोवाइडर ने इसे झूठा मेसेज बताया है और कहा है कि ऐसी किसी भी अफवाह पर ध्यान ना दें। बड़ी बात ये है कि इतनी बड़ी तादात में ये मेसेज लोगों के मोबाइल के सर्विस इनबॉक्स तक कैसे पहुंच रहा है। इसका जवाब किसी टेलीकॉम प्रोवाइडर के पास नहीं है ना ही इस मैसेज को फैलने से रोका जा रहा है।

Tuesday, 2 January 2018

अब आपके फोन में होगा पैनिक बटन, दबाओ पुलिस हाजिर

नए साल 2018 में मोबाइल फोन पर पैनिक बटन मिलेगा। इसे दबाते ही आपातकाल में सीधे पुलिस से संपर्क किया जा सकेगा। डिपार्टमेंट ऑफ टेलिकम्युनिकेशन ने जनवरी 2017 से ही मोबाइल कंपनियों को फोन के साथ पैनिक बटन जोड़ने को कहा था लेकिन एक साल बाद तक भी इस पर कोई काम नहीं हो पाया। डिपार्टमेंट ऑफ़ टेलिकम्युनिकेशन ने न्यूमेरिक की 5 या 9 को पैनिक की बनाने की बात कही थी। ये कदम महिलाओं की सुरक्षा को लेकर उठाया जाना था। कल केंद्रीय महिला और बाल विकास मंत्री मंत्री मेनका गांधी ने बताया कि एक पायलट प्रोजेक्ट के तहत फोन पर पैनिक बटन की टेस्टिंग की जाएगी। इसे के चरणों में लागू किया जाएगा। टेस्टिंग के लिए इसे 26 जनवरी 2018 से उत्तर प्रदेश में लागू किया जाएगा। अगर ये यहां सफल रहा तो चरणबद्ध तरीके से अन्य राज्यों में  भी लागू किया जाएगा। लेकिन यहां देखने वाली बात ये है कि क्या इससे पुलिस की कार्यक्षमता बढ़ेगी। अभी देखा जाता है कि कई बार पुलिस सूचना मिलने के लंबे समय बाद घटना स्थल पर पहुंचती है। यहां ये पैनिक बटन भी पुलिस तक सूचना ही पहुंचाएगा, इसके पास एक्शन करने या करवाने का कोई तरीका नहीं होगा। 

Thursday, 28 December 2017

2018 फोल्डिंग स्मार्टफ़ोन और AI का होगा जलवा

साल 2017 जा रहा है, सन् 2018 के आगाज की तैयारी हो रही है। 2017 में मोबाइल की दुनिया बिल्कुल बदल गयी जियो के 4G वोल्टे सर्विस के साथ देश में इन्टरनेट की पहुंच आम आदमी तक हुई। फ्री कालिंग के साथ अनलिमिटेड डेटा देकर देश में डिजिटल क्रांति का बिगुल जियो ने बजा ही दिया। इसके अलावा AI यानि आर्टिफीसियल इनटेलीजेन्स से जुड़े कई अपडेट देखने को मिले। 2018 में यही आर्टिफीसियल इनटेलीजेन्स कुछ नए प्रोडक्ट लेकर आएगी। मोबाइल डिवाइस में भी ड्यूल कैमरा, बेजललैस स्क्रीन के अलावा 18×9 आस्पेक्ट रेश्यो स्क्रीन इस साल का सबसे खास फीचर रहा। एक ही मोबाइल नहीं तमाम मोबाइल इन फीचर के साथ आये। टेक्नोलॉजी में एक बड़ा नाम बिटकॉइन का भी जुड़ गया जिसने कई नए करोड़पति कुछ महीनों में ही पैदा कर डाले, लेकिन अभी भी देश का एक बड़ा वर्ग इसके बारे में कुछ नहीं जानता है। ऑनलाइन बिल, ऑनलाइन टैक्स और ऑनलाइन शॉपिंग करने वालों की संख्या में गजब इजाफा हुआ है। आज एक आम आदमी भी स्मार्टफोन और इंटरनेट का यूज करता दिखता है। साल 2017 इंटरनेट कनेक्टिविटी की व्यापकता के लिए जानेगा। 1 जीबी एक महीने में प्रयोग करने वाले यूजर भी अब रोज 1 जीबी डेटा प्रयोग करने लगा है।

2018 कुछ नए जलवे बिखेरेगा ये तय है, सबसे पहले फोल्डिंग स्मार्टफोन की भविष्यवाणी की जा सकती है लेकिन शुरुआत समसुंग से होगी या फिर ये कारनामा एप्पल करेगा ये देखने वाली बात होगी। alexa जैसी और  उससे एडवांस AI डिवाइस मार्केट में आना तय हैं।
(आशुतोष पाण्डेय)
Editor National NewsCause

Sunday, 24 December 2017

थोड़ा ही सही बीएसएनएल भी दे रहा है 186 में 28 जीबी डेटा

मोबाइल डेटा प्राइस वार अन्य टेलीकॉम कंपनियों की ही तरह बीएसएनएल ने भी 186 रुपये वाले अपने एंट्री लेवल टैरिफ प्लान को रिवाइज किया है. बीएसएनएल के 186 रुपये वाले प्लान में अब 5 जीबी हाई स्पीड 2G डेटा दिया जाएगा, जबकि पहले 1 जीबी डेटा दिया जा रहा था.प्लान के साथ यूजर्स को फ्री एसएमएस सेवा भी मिलनी है. रिवाइज होने के बाद अब 186 रुपये वाले प्लान में ऑन-नेट और ऑफ नेट अनलिमिटेड कॉल, नेशनल रोमिंग (दिल्ली और मुंबई छोड़कर), 5 जीबी डेटा दिया जायेगा. लेकिन यहाँ 5 जीबी  के बाद डेटा की स्पीड 40 केबीपीएस  हो जाएगी. यानी कुल मिलाकर बीएसएनएल भी अन्य कम्पनियों की तरह अनलिमिटेड डेटा दे रहा है. इस प्लान में 28 दिन लिए 1000 SMS भी दिए जाएंगे. इस प्लान की वैलिडिटी 28 दिनों की है. ये प्लान बीएसएनएल के प्री-पेड ग्राहकों के लिए है. अभी बीएसएनएल का ये प्लान आंध्र-प्रदेश और तेलंगाना सर्किल में शुरू कर दिया गया है. लेकिन इस प्लान में कुछ आकर्षक नहीं दिख रहा है 199 रूपये में जियो जहां 1.2 जीबी डेटा प्रतिदिन दे रहा है. जिओ के 199 प्लान से मिलता

Friday, 22 December 2017

जिओ का न्यू इयर 2018 धमाका: दो शानदार प्रीपेड प्लान

देश के टेलिकॉम सेक्टर में हलचल मचाने वाले रिलायंस जियो ने अब नए साल पर दो नए और ख़ास प्रीपेड ऑफर्स के जरिए कस्टमर्स को न्यू इयर विश करने वाला है.  जियो ने 199 और 299 रुपये के हैपी न्यू इयर 2018 प्रीपेड ऑफर पेश किए हैं, जिनमें कस्मटर्स को पहले से अधिक इंटरनेट डेटा मिलेगा. 199 रुपये के डेटा प्लान के तहत कंपनी ग्राहकों को 1.2 जीबी हाई स्पीड 4जी डेटा प्रतिदिन देगी.

इस प्लान के तहत ग्राहकों को फ्री वॉइस कॉलिंग, अनलिमिटेड एसएमएस और 28 दिनों के लिए सभी प्राइम मेंबर्स को सभी जियो ऐप्स का फ्री सबस्क्रिप्शन मिलेगा. ज्यादा डेटा यूज करने वाले लोगों के लिए कंपनी ने 299 रुपये का प्लान दिया है जिसमे ग्राहकों को  2जीबी 4जी डेटा, अनलिमिटेड एसएमएस और 28 दिनों के लिए जियो ऐप्स के लिए सबस्क्रिप्शन फ्री मिलेगा. इस प्रकार एक  फिर जिओ ने नये साल के लिए ऑफर लाने में बाजी मार ली है. जिओ के रोज नये प्लानों के कारण अन्य कम्पनियों को  सस्ते कालिंग और डाटा प्लान लाने पड़  रहें हैं. जल्द ही एयरटेल, वोडाफोन और आईडिया भी ऐसे ही कुछ प्लान मार्केट में ला सकते हैं. एयरटेल जहां अभी EKYC  का लाइसेंस सस्पेंड करवा चुका है, उसे आज अस्थाई रूप से 10 जनवरी तक केवायसी अपडेट की अनुमति दी गई है. इसलिए एयरटेल चाहेगी की उसके प्लान ज्यादा लुभाने हों ऐसे में एयरटेल कुछ बड़े प्लान ले कर आ सकता है. 

जेटली ये नहीं नहीं कहा बंद नहीं होगा 2000 का नोट



2000 के नोट के बंद होने को लेकर सोशल मीडिया समेत अन्य मीडिया भी स्टेट बैंक की रिपोर्ट का हवाला देते हुए ये दावा करते दिख रहे थे कि जल्द ही सरकार 2000 के नोटों की बंदी की घोषणा कर सकती है. दरअसल 2000 के नये नोट ना छापने या कम छापे जाने को लेकर कुछ खबरें मीडिया में कुछ दिनों से चलाई जा रही थी. इससे आम आदमी में एक डर था कि कहीं फिर से नोट बंदी का सामना ना करना पड़े.केन्द्रीय वित्त मंत्री अरूण जेटली ने इस बात को नकारा तो नहीं लेकिन ये जरूर कहा जब तक सरकार ऐसी कोई  घोषणा ना करें तब तक इन अफवाहों पर ध्यान ना दे. अरूण जेटली के इस बयान का अर्थ ये निकाला जा रहा है कि सरकार आने वाले भविष्य में ऐसी कोई घोषणा कर सकती है. इसका कारण सरकार का लोकसभा में दिया गया एक बयान भी रहा कि मार्च 2017 तक देश में छोटी करेंसी के 3501 अर्ब रूपये के नोट थे. एसबीआई की रिपोर्ट के मुताबिक़ 8 दिसम्बर तक देश में कुल 13324 अरब  रूपये के नोट अर्थव्यवस्था में हैं. आरबीआई ने पांच सौ और दो हजार के 15,787 अरब रूपये के नोट छापे हैं जबकि 13324 अरब रूपये ही वर्तमान में चलन में हैं. इसका मतलब 246.3 करोड़ रूपये के नोट मार्केट में उतारे ही नहीं गये. 

टाइगर ज़िंदा है, सलमान हो सकते हैं गिरफ्तार


आज सलमान की फिल्म "टाइगर ज़िंदा है" रिलीज़ हो रही है. फिल्म बॉक्स ऑफिस पर क्या करिश्मा करेगी ये तो आज पता चल ही जाएगा. लेकिन फिल्म के रिलीज़ के साथ सलमान खान के खिलाफ दिल्ली के गांधीनगर थाने में एक एफआईआर भी लिखवाई गयी है. एफआईआर में मामला जातिसूचक शब्दों के प्रयोग का है.
ताजा खबरों के अनुसार नेशनल कमीशन फॉर शेड्यूल ट्राइब ने नोटिस जारी कर सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय और दिल्ली-मुंबई के पुलिस कमिश्नर्स से 7 दिन में जवाब मांगा है.. एक टीवी शो में किसी जाति विशेष के खिलाफ सलमान और शिल्पा शेट्टी द्वारा अपमानजनक शब्दों के प्रयोग के लिए ये कार्रवाई की गयी है.
वाल्मीकि समाज का कहना है कि पब्लिकली जातिसूचक शब्द का इस्तेमाल करने से हमारे समाज की भावनाओं को ठेस पहुंची है. इस बात से गुस्साए वाल्मीकि समाज ने केस दर्ज कराकर सख्त कार्रवाई की मांग की है. दरअसल, सलमान खान ने अपनी फिल्म 'टाइगर जिंदा है' के प्रमोशन के दौरान अपने डांस स्टाइल को बताने के लिए ये शब्द कह दिया था. सलमान का यह वीडियो इन दिनों सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है. जिसकी वजह से वह मुसीबत में फंस गए.

Thursday, 21 December 2017

अब नहीं बना पायेंगे, फेसबुक पर फेक आईडी


अब फेसबुक पर आपको अनचाही फ्रेंड रिक्वेस्ट नहीं आयेंगी. फेसबुक पर यूजर्स को परेशान करने वाली अनचाही फ्रेंड रिक्वेस्ट और मेसेज को रोकने के लिए फेसबुक ने एक नया टूल पेश किया है. यह नया फीचर फर्जी अकाउंट से आने वाली फ्रेंड रिक्वेस्ट को भी रोक सकेगा. फेसबुक के ग्लोबल हेड ऑफ सेफ्टी ऐंटिगन डेविस ने बताया कि अगर किसी यूजर ने किसी को ब्लॉक कर दिया है और वह दोबारा एक नया अकाउंट बनाकर फिर से यूजर से कॉन्टैक्ट करने की कोशिश करता है तो फेसबुक का यह फीचर इसकी पहचान कर इसे रोक देगा.


यह नया टूल यूजर्स को मेसेंजर चैट को इग्नोर करने और सेंडर को ब्लॉक किए बिना उसके मेसेज को इनबॉक्स से बाहर करने का भी ऑप्शन देता है. डेविस ने बताया, 'अब आप मेसेज पर टैप कर कन्वर्सेशन को इग्नोर कर सकते हैं. इससे आपके पास नोटिफिकेशन नहीं आएगा और कन्वर्सेशन अपने आप फिल्टर्ड मेसेजेस फोल्डर में मूव हो जाएगा. इस नए फीचर से यूजर्स बिना सेंडर के जाने मेसेज को पढ़ भी सकेंगे. अभी यह फीचर केवल वन ऑन वन कन्वर्सेशन के लिए है लेकिन जल्द ही यह ग्रुप मेसेज के लिए उपलब्ध होगा.'


फेसबुक के अनुसार महिलाओं विशेषकर महिला पत्रकारों, सेलिब्रिटीज को परेशान किया जाना रोका जा सकेगा. आये दिन महिलाओं को जबरन फर्जी आईडी से फ्रेंड रिक्वेस्ट भेजने की खबरें आती रहती हैं. ऐसी स्थिति को भी इस टूल के जरिये रोका जाएगा. फेसबुक के अनुसार इससे अप्रमाणिक और फेक अकाउंट पर भी रोक लगेगी. फेक आई डी को भी इस टूल से बनाने से ही रोका जाएगा.

Wednesday, 20 December 2017

प्रियंका चोपड़ा ढूंढ रही हैं शादी के लिए लायक बन्दा



Photo Courtesy: Google Search 
बोलीवुड सेंसेशन प्रियंका चोपड़ा ने एक अवार्ड समारोह में मीडिया द्वारा शादी का सवाल पूछे जाने पर कहा कि क्यों गोलमोल कर पूछ रहे हो, सीधे पूछो यार कि शादी कब करूंगी .. अरे शादी के लिए कौन सा बड़ा प्लान करना होता है जैसे ही कोई लायक बन्दा मिल जाएगा शादी कर लूंगी. कुछ दिनों पहले क्रिसमस और नये साल का जश्न परिवार संग मनाने को प्रियंका चोपड़ा मुंबई लौटी हैं. एक अवॉर्ड समारोह के रेड कारपेट पर पहुंची प्रियंका चोपड़ा से जब अनुष्का-विराट की शादी के बारे में बात करने के बाद पूछा गया कि उनकी शादी कब करेंगी तो जवाब में प्रियंका कहती हैं कि शायद उन्हें अब तक शादी के लिए सही बंदा नहीं मिला, जैसे ही उन्हें कोई लायक बंदा मिलेगा, शादी हो जाएगी.
पद्मावती के रिलीज़ पर बात करने पर उन्होंने कहा उन्हें आशा है फिल्म जल्द ही रिलीज़ होगी. प्रियंका ने कहा कि लोग इस फिल्म के आर्ट से प्रभावित होंगें उन्होंने कहा जल्द ही इससे जुड़े विवाद भी खत्म हो जायेंगें.

प्रियंका के बताया कि जल्द ही हॉलीवुड के टीवी शो क्वांटिको के अगले सीजन की शूटिंग शुरू  करने वाली हूँ और साथ ही  बॉलीवुड की फिल्मो को लेकर भी बड़े खुलासे करूंगी, कई प्रोजेक्ट्स पर बात चल रही है. 

अब बिना परमिशन आप किसी और का फोटो फेसबुक पर अपलोड नहीं कर पायेंगे

अब आप या कोई और फेसबुक पर किसी और अकेला या ग्रुप फोटोग्राफ इस्तेमाल नहीं कर पायेगा. फेसबुक अपनी फेस रिकग्निशन टेक्नोलॉजी को और एडवांस कर रहा है. अब फेसबुक पर अपलोड होने वाले सभी फोटो का फेस रिकग्निशन करेगा, और साथ ही जिसका फोटो अपलोड किया गया उसे इसका नोटिफिकेशन भी पहुंच जाएगा.फेसबुक ने कहा है, आज हम एक नया ऑप्शनल टूल लॉन्च कर रहे हैं जो लोगों को फेसबुक फेस रिकॉग्निशन के जरिए उनकी पहचान मैनेज करने में मदद करेगा.
यह उसी टेक्नॉलॉजी पर काम करता है जो पहले से टैग्ड फोटोज में आपको पहचाने में मदद करती है. फेसबुक ने कहा है कि लोगों द्वारा दिए गए फीडबैक के आधार पर फेस रिकॉग्निशन लाया जा रहा है और इस टूल को काफी आसान बनाया गया है. यूजर्स इसे चाहें तो ऑन या ऑफ कर सकते हैं. इस टूल के जरिये सोशल मीडिया पर दूसरों की फोटो या अन्य प्रकार की अश्लील फोटो को यदि अपलोड किया जाएगा तो जिस किसी की भी फोटो होगी तो उसको मेसेज फेसबुक के द्वारा पहुंच जाएगा.
आप चाहें तो इस फोटो के साथ खुद को टैग कर सकते हैं या फिर जिसने फोटो अपलोड कि है उससे हटाने को कह सकते हैं भले ही आप किसी ग्रुप फोटो में ही क्यों ना हो. फेसबुक ने 2010 से फेस रिकॉग्निशन फीचर यूज करना शुरू किया है. इसके जरिए फोटोज के पिक्सल को ऐनालाइज करके टेम्प्लेट जेनेरेट किया जाता है. जैसे ही फेसबुक पर फोटोज और वीडियोज अपलोड होते हैं फेसबुक इसके जेनेरेट किए गए टेंप्लेट के साथ पहचान करता है.

Tuesday, 19 December 2017

आधार लिंक के नाम पर एयरटेल ने किया 47 करोड़ का घपला

एक ओर जहाँ हर योजना या डाक्यूमेंट्स को आधार से जोड़ने की बात कि जा रही है. वही इसका मिसयूज भी शुरू हो गया है, पहले जिओ पर आरोप लगा था कि उसने यूजर्स के आधार डेटा को सार्वजनिक किया है. अब नया आरोप एयरटेल पर हैं. यहाँ एयरटेल ने 23 लाख मोबाइल यूजर्स के मोबाइल आधार लिंक के नाम पर एयरटेल पेमेंट बैंक में अकाउंट खुलवा दिए. जबकि उपभोक्ताओं को इसकी कोई जानकारी नहीं दी गयी. बिना इजाजत उनकी एलपीजी सब्सिडी भी एयरटेल बैंक अकाउंट में ट्रान्सफर करवा ली. यहाँ एयरटेल काफी बड़ा गेम खेल गया और आधार लिंक के नाम पर करोड़ों रूपये कमा लिए. ऐसा कर इन 23 लाख खातों से एयरटेल ने 47 करोड़ रूपये इकठ्ठे कर लिए हैं. आधार जारी करने वाले प्राधिकरण UIDAI ने भारती एयरटेल और एयरटेल पेमेंट्स बैंक के खिलाफ कड़ी कारवाई करते हुए उनका E-KYC लाइसेंस अस्थायी तौर पर निलंबित कर दिया है. एयरटेल और एयरटेल पेमेंट्स बैंक अब E-KYC के जरिए अपने मोबाइल ग्राहकों के सिम कार्ड का आधार कार्ड आधारित वेरिफिकेशन नहीं कर सकेंगे. 
इसके अतिरिक्त एयरटेल पमेंट बैंक्स के E-KYC वेरिफिकेशन पर भी रोक लगा दी है. अब कहा तो ये जा रहा है कि एयरटेल उपभोक्ताओं को उनके पैसे मय ब्याज लौटाएगा. लेकिन एयरटेल पेमेंट बैंक के खिलाफ क्या कार्रवाई होगी और एयरटेल टेलीकॉम को इसके लिए क्या सजा दी जायेगी? ये कोई बता नहीं पा रहा है. एक और जहां सरकार आधार को हर योजना के साथ जोड़ने की बात कह रही है, वही प्रारम्भिक स्तर पर ही इसमें बड़े खेल सामने आने लगें है. अभी तो ये एक शुरूआत है, आगे और भी खेल सामने आयेंगें. अब एक नया खेल एयरटेल हाईक मेसेंजर यूज करने वालो के साथ खेल रहा है, इस पर जल्द ही एक बड़ा खुलासा NewsCause टीम आपके सामने करेगी. 

Monday, 18 December 2017

सलमान खान का हिमाचल भाजपा की जीत में कनेक्शन


सलमान बॉलीवुड के जाने माने अभिनेता हैं, सीधे राजनीति में दखल ना देने के बावजूद भाजपा से उनकी नजदीकियां मानी जाती हैं. इस बार हुए हिमाचल विधानसभा के चुनावों के बाद तो उनका भाजपा से ये रिश्ता और गहरा गया है.
उनके एक रिश्तेदार हिमाचल में भाजपा विधायक बन गये है. अभी हुए हिमाचल विधानसभा चुनावों में उनकी बहिन अर्पिता खान शर्मा के ससुर अनिल शर्मा मंडी विधानसभा से भाजपा के टिकट पर चुनाव जीते है. अनिल शर्मा पहले कांग्रेस में थे लेकिन ऐन चुनाव से पहले उन्होंने भाजपा का दामन थाम लिया था. सलमान खान के साथ उनका रिश्ता और अब मंडी सीट पर भाजपा के टिकट पर जीतना चर्चा का विषय बना है. शर्मा वीरभद्र कैबिनेट में मंत्री भी रह चुके हैं. लेकिन क्या अब भाजपा सरकार में भी उनको कोई महत्वपूर्ण ओहदा मिलेगा इस पर भी बहस गर्म है. हिमाचल भाजपा के पुराने नेताओं का कहना है कि पार्टी में नये आये लोगों के बजाय पार्टी के पुराने नेताओं को मंत्रीमंडल में शामिल किया जाय. 

अब बिना ब्लॉक किये पाए FB के अनचाहे पोस्ट और अपडेट से पायें छुटकारा



अब आप फेसबुक में बिना किसी व्यक्ति को ब्लाक किये आप उसके अनचाहे पोस्टों और अपडेट से छुटकारा पा सकते हैं. हाल में फेसबुक ने अपने साइट में कुछ बदलाव किया है साथ ही कुछ नए फीचर्स भी जारी किए हैं. इसी क्रम को आगे बढ़ाते हुए फेसबुक ने एक नया फीचर लॉन्च किया है, जिससे यूजर्स को उनके न्यूज फीड में कंटेट को लेकर ज्यादा कंट्रोल मिलेगा.
दरअसल फेसबुक ने अपने न्यूज फीड में एक नया स्नूज फीचर जारी किया है.

समाचार एजेंसी आईएएनएस की खबर के मुताबिक, स्नूज फीचर फेसबुक के दो अरब से ज्यादा यूजर्स को किसी व्यक्ति, पेज या समूह को अस्थायी रूप से 30 दिनों के लिए अनफॉलो करने का ऑप्शन देता है. ये फीचर यूजर्स को अपने दोस्तों, पेजों या समूहों से उन्हें बिना अनफ्रेंड, अनफॉलो या हमेशा के लिए ब्लॉक किए बिना उनसे अल्पकालीन ब्रेक देगा.

फेसबुक की प्रोडक्ट मेनेजर  श्रुति मुरलीधरन ने शुक्रवार देर रात एक ब्लॉग पोस्ट में कहा, 'स्नूज' को चुनने के बाद आप कुछ समय के लिए उस दोस्त, पेज या समूह के न्यूज फीड नहीं देख पाएंगे.' उन्होंने कहा, 'हमने लोगों से सुना है कि वे न्यूज फीड में क्या और कब देखना चाहते हैं, यह निर्धारित करने के लिए और विकल्प चाहते हैं.
'स्नूज' के साथ आपको किसी को हमेशा के लिए अनफॉलो या अनफ्रेंड करने की जरूरत नहीं है, बल्कि स्नूज़ फीचर के जरिये आप किसी विशेष व्यक्ति के पोस्ट, पेज पोस्ट और ग्रुप पोस्ट से छुटकारा पा सकते. 

Sunday, 17 December 2017

जिओ का अपने उपभोक्ताओं को नया तोहफा



जिओ सिनेमा के वेब वर्जन के बाद अब जिओ टीवी का वेब वर्शन जिओ ने लांच कर दिया है। जिओ टीवी के वेब वर्जन की मांग काफी लंबे समय से की जा रही थी।
जिओ टीवी के वेब वर्जन की ये सुविधा केवल जिओ सिम प्रयोग करने वाले उपभोक्ताओं को ही मिलेगी। इसके लिए जिओ का 4G सिम कार्ड होना जरूरी है। वेब वर्जन का इंटरफ़ेस एंड्राइड पर जिओ टीवी एप के इंटरफ़ेस से काफी मिलता जुलता है। यहां यूजर SD और HD चैनल्स के बीच टॉगल भी कर सकते हैं।
जिओ एकाउंट की डिटेल्स से साइन इन कर इसका आनन्द लिया जा सकेगा। जिओ टीवी में पिछले 7 दिन के कंटेंट भी देख सकेंगे। इस समय जिओ टीवी के पास 550 से ज्यादा चैनल हैं। जिओ टीवी के इस वर्जन में इंटरमेंट, मूवीज, किड्स और स्पोर्ट्स सेक्शन शामिल हैं। किसी भी ब्राउज़र के जरिये आप जिओ टीवी
https://jiotv.com इस लिंक के जरिये देख सकते हैं।

इस सरकारी पोर्टल ने दी 7 लाख भारतीयों को नौकरी: तुरंत रजिस्ट्रेशन करवाएं



आज बेरोजगार कई प्राइवेट प्लेसमेंट कंपनियों के चक्कर लगाते हैं वहां अपना मोटी फीस देकर रजिस्ट्रेशन भी करवाते हैं, फिर भी कोई अच्छा जॉब नहीं मिल पाता है. कई फर्जी कम्पनियां भी जॉब देने के नाम पर कई बेरोजगारों को फंसाती हैं. कई बार तो कई फर्जी एजेंसी सैकड़ों बेरोजगारों से नौकरी के नाम पर पैसा वसूल कर भाग भी जाती हैं. ऐसा आये दिन सुनने में आता है.
इस समस्या के मद्देनजर केंद्र सरकार ने एक पोर्टल बनाया है, जहां आप रजिस्‍ट्रेशन कराने के बाद अच्‍छी नौकरी हासिल कर सकते हैं.  इसकी एक बड़ी वजह यह भी है कि इस पोर्टल पर इम्‍प्‍लॉयर भी रजिस्‍टर्ड हैं और अपनी रिक्‍वायरमेंट इस पोर्टल पर अपलोड करते रहते हैं. जहां आप अपनी मनपसंद की नौकरी के लिए अप्‍लाई कर सकते हैं.इस पोर्टल का नाम नेशनल करियर सर्विस (NCS) रखा गया है.

सरकार के दावे को सच माने तो अभी तक 7 लाख बेरोजगारों को इसके माध्यम से नौकरी मिल चुकी है. मिनिस्‍ट्री ऑफ लेबर एंड इम्‍प्‍लॉयमेंट द्वारा तैयार किया गया यह नेशनल जॉब पोर्टल एक ऐसा प्‍लेटफॉर्म है, जहां नौकरी चाहने वाले और नौकरी देने वाले दोनों ही अपना रजिस्ट्रेशन करवा सके हैं. इस पोर्टल पर गर्वनमेंट और प्राइवेट दोनों प्रकार की एजेंसी नौकरी के लिए विज्ञापन करती हैं. कोई भी भारतीय जिसकी उम्र 14 से अधिक है यहां अपना रजिस्ट्रेशन करवा सकता है. यहाँ शिक्षा का कोई मापदंड नहीं है, अनपढ़, साक्षर या उच्च शिक्षा प्राप्त, डिप्लोमा धारी सभी रजिस्ट्रेशन करवा सकते हैं. 
इस रजिस्ट्रेशन के लिए कोई वैध आईडी प्रूफ होना जरूरी है. जिसमें आधार कार्ड, वोटर कार्ड, राशनकार्ड, मनरेगा कार्ड, ड्राइविंग लाइसेंस या कोई अन्य मान्य प्रूफ होना चाहिए. आप www.ncs.gov.in पर साइन अप करके अपनी डिटेल फीड कर सकते हैं इसके बाद आपके द्वारा दिए गए मोबाइल पर एक ओटीपी आएगा जिसे फीड बॉक्स में डालकर सबमिट करते ही आपका रजिस्ट्रेशन पूरा हो जाएगा. इसके बाद आप अपने स्किल और आवश्यकता के मुताबिक जॉब सर्च कर पाएंगे. इस हेतु आप 1800-425-1514 टोल फ्री नंबर पर भी संपर्क कर सकते हैं. 

सावधान: बैंक लाकर में रखा आपका सामान सुरक्षित नहीं है

शायद आप लोगों ने कभी सोचा भी नहीं होगा कि आपके बैंक लाकर में रखे आपके गहने, डाक्यूमेंट्स और पैसे बिल्कुल भी सुरक्षित नहीं हैं, अगर बैंक में चोरी हो या अन्य किसी दुर्घटना में आपका लाकर खाली हो जाए तो बैंक की कोई भी जिम्मेदारी नहीं होती है, ये आपके लिए चौकाने वाली बात हो सकती है. 
बैंक में लाकर किराए पर दिए जाने वाले नियमों के मुताबिक बैंक लॉकर में रखा आपका पैसा और बेशकीमती सामान अगर कभी चोरी हो जाता है तो बैंक इसके बदले में आपको एक पैसे की भी भरपाई नही करेगा. बैंक में चोरी, आग या किसी और कारण से लॉकर में रखे सामान को नुकसान पहुंचता है, तो बैंक इसकी कोई भी भरपाई नही करेगा. इस हालात में आपका सारा पैसा और कीमती सामान डूब जाएगा. जी हां, एक आरटीआई के जवाब में भी आरबीआई ने यही कहा है. 
बैंको के अनुसार बैंक लॉकर किराए पर दिया जाता है इसलिए यहां पर बैंक एक किराएदार की स्थिती में काम करता है. हालांकि, लॉकर किराए पर देते वक्त बैंक ये कभी नहीं बताते हैं कि लॉकर में रखा सामान अगर गुम हो जाता है या उसमें कोई नुकसान पहुंचता है तो ऐसी स्थिती में बैंक की कोई जवाबदेही नहीं होगी. ये बात बैंक छुपा लेते हैं और ग्राहक को लगता है कि लॉकर में रखा उनका सामान या पैसा बिल्कुल सुरक्षित है. जबकि वास्तविकता इससे बिल्कुल अलग है.
तो अब सवाल ये है कि अब क्या करें यहाँ एक ही चारा बचता है बैंक लाकर में रखे सामान का बीमा करवा लें, लेकिन यहाँ एक सवाल खड़ा होगा कि हमें बीमा कम्पनी को उन सभी चीजों की डिटेल्स देनी होंगी जिन्हें हम लाकर में रख रहें हैं. सामान और उसकी कीमत के मुताबिक ही बीमा कि क़िस्त भी आपको देनी होगी. 

Friday, 15 December 2017

एक्शन किंग अक्षय कुमार क्यों बाँट रहें हैं सैनेटरी पैड

एक्शन हीरो आजकल अक्षय कुमार सेनेटरी पैड बाँट रहें हैं ये बात बिल्कुल सही है. अक्षय कुमार की आने वाली फिल्म "पैडमैन का ट्रेलर आज ही रिलीज हुआ है, इस ट्रेलर में अक्षय कुमार महिलाओं और लडकियों को पैड बाँटते दिख रहे हैं. पैडमैन कॉमेडी ड्रामा फिल्म है. इस फिल्म में अक्षय कुमार असल पैडमैन की बायोपिक भूमिका में हैं, फिल्म तमिलनाडू के पैडमैन अरुणाचलम मुरूगननथम पर केन्द्रित है जिन्होंने कम लागत वाले सेनेटरी पैड बनाने वाली मशीन का आविष्कार किया था. जिसके लिए उन्हें पद्म श्री सम्मान भी मिल चुका है. इस फिल्म में महानायक अमिताभ बच्चन भी विशेष भूमिका में हैं, ट्रेलर की शुरुआत उनकी आवाज से होती है, "अमेरिका के पास सुपर मैन है, बैटमन है, स्पाइडर मैन है लेकिन इंडिया के पास पैडमैन है". फिल्म के डायरेक्टर आर बाल्की हैं और अक्षय की पत्नी ट्विंकल खन्ना इसी प्रोड्यूसर हैं.
महिलाओं में पीरियड्स और सेनेटरी जैसे विषयों पर बनने वाली ये पहली फिल्म है. फिल्म में अक्षय कुमार की पत्नी का रोल राधिका आप्टे निभा रहीं इसके अलावा सोनम कपूर लीड रोल में हैं. ट्रेलर में अक्षय लडकियों को सेनेटरी नैपकिन देते हैं, जिसको देख लडकियाँ शर्मा जाती है. खुद उनकी पत्नी भी अक्षय के इस काम से बेइज्जती महसूस करती हैं, वे अक्षय को छोड़ कर चली जाती हैं. ट्रेलर को देख कर लगता है कि पत्नी के छोड़ जाने के बाद अक्षय इस काम को बंद करने की सोच लेते हैं, इसी बीच सोनम कपूर की इंट्री होती है और वे अक्षय को अपना मिशन पूरा करने के लिए प्रोत्साहित करती हैं. अक्षय ट्रेलर में यूनाइटेड नेशन में एक स्पीच देते हुए दिख रहें है, यूनाइटेड नेशन में शूट होने वाली ये बॉलीवुड की दूसरी फिल्म है पहली फिल्म हाफ गर्लफ्रेंड थी. फिल्म की रिलीज़ डेट 26 जनवरी 2018 है. रिपब्लिक डे के दिन रिलीज़ कर एक बड़ा सन्देश देने की कोशिश होगी. 

Thursday, 14 December 2017

मल्लिका शेरावत को मकान मालिक ने क्यों निकाला


बॉलीवुड की प्रसिद्ध अभिनेत्री को अपने किराए के घर से इस बात के लिए निकाला गया कि वे किराया नहीं दे पा रही हैं. मल्लिका शेरावत को उनके मकान मालिक के द्वारा घर से निकाले जाने की खबर है. मल्लिका अपने बॉयफ्रेंड आक्जेनफैन्स सिरिल के साथ पेरिस के पॉश इलाके के एक अपार्टमेन्ट में रहती हैं.
पिछले साल नवम्बर से अभी तक वे किराया नहीं दे पायी हैं, नवंबर में चार नकाबपोश युवकों ने उनके अपार्टमेन्ट के पास ही टीयर गैस से उन पर हमला किया था तब से उन्होंने इस अपार्टमेन्ट का किराया नहीं चुकाया है, उन पर 80 हजार यूरो यानि लगभग 64 लाख रूपये का बकाया है. मल्लिका के वकील ने मीडिया को बताया है कि मल्लिका और उनका बॉयफ्रेंड इस समय आर्थिक तंगी के दौर से गुजर रहें हैं.
मल्लिका और उनके फ्रेंच बॉयफ्रेंड के बीच शादी की अफवाहें आये दिन उडती रहती हैं और मल्लिका इस बात का कई बार खंडन भी कर चुकी हैं, उन्होंने सोशल मिडिया के जरिये मीडिया से कहा कि जब भी वे शादी करेंगी सबको इनविटेशन मिलेगा.
मल्लिका की शादी कैप्टेन कर्ण गिल के साथ 1997 में हो चुकी है लेकिन 2004 में ही दोनों में तलाक हो गया आजकल मल्लिका सिरिल को डेट दे रही हैं. सिरिल के साथ उनके सम्बन्धों की बात उनके पिता मुकेश लाम्बा ने भी एक इंटरव्यू में स्वीकारी है.















कांग्रेस मुक्त कांग्रेस: राहुल गांधी के लिए बड़ी चुनौती


गुजरात और हिमाचल प्रदेश के विधानसभा के एग्जिट पोल के नतीजे सामने हैं और सभी एग्जिट पोल दिखा रहें हैं कि गुजरात में भाजपा लौट रही है और हिमाचल में काँग्रेस का सफाया दिखाया जा रहा है।  एक बार फिर कांग्रेस मुक्त भारत दिख रहा है।

गुजरात में भाजपा को अंतिम समय में काफी मेहनत करनी पड़ी, अपने राज्य में ही तीन युवा नेताओं हार्दिक पटेल, जिग्नेश मेवाणी और अल्पेश ठाकोर का सामना भाजपा को करना पड़ा था। लग रहा था इन तीन युवाओं के कारण कांग्रेस को बड़ा फायदा होगा लेकिन जड़ें मजबूत ना होने के कारण काँग्रेस इसे भुना नहीं पाई है।


गुजरात में कुल 182 सीटें हैं जिन में बहुमत के लिए कम से कम 92 सीटें चाहिए. भाजपा यहां पूर्ण बहुमत जुटा लेगी ऐसी आशा है। राहुल गांधी की दो दिन पहले की ताजपोशी के बाद ये परिणाम उनके लिए काफी बड़ी चुनौती दिख रही है। कांग्रेस में एक बड़ी दरार इसके बाद दिख सकती है। शहजाद पूनावाला जैसे कई नेता बगावत के लिए तैयार खड़े हैं, कांग्रेस के लिए बड़ी चुनौती बाहर से नहीं इस बार पार्टी के अंदर से खड़ी होनी है। 
जमीनी सूत्रों की माने तो जिन पाटीदारों के वोट में कांग्रेस सेंध लगा रही थी अंतिम समय तक उनके बीच भी पार्टी अपनी पकड़ नहीं बनाए रख सकी, पाटीदार तीन भागों में बंट गए एक जो कांग्रेस के साथ आये दूसरे वे जो भाजपा के साथ रहे और तीसरे साइलेंट रहे और ये जो साइलेंट रहे उन में से भी अंत समय में भाजपा के साथ खड़े दिखे। हिमाचल में हर बाद बदलाव की रीत है ये इस बार भी बनी रहेगी यही दिख रहा है कांग्रेस इस राज्य को भी खो रही है।

Wednesday, 13 December 2017

शानदार कैमरे के साथ LG V 30+ लांच



LG ने एक शानदार कैमरा स्मार्ट फोन V 30+ लांच किया है. 16 मेगापिक्सल f 1.6 अपर्चर और 13 मेगापिक्सल f 1.9 अपर्चर के रियर ड्यूल और 5 मेगापिक्सल f 2.2 अपर्चरके फ्रंट कैमरा के साथ पॉइंट जूमिंग टेक्नोलॉजी से लेस इस मोबाइल कैमरे से आप स्क्रीन पर कहीं भी ज़ूम करके एचडी विडियो रिकॉर्ड कर सकते हैं. f 1.6 अपर्चर का ग्लास लेंस इसकी डायनामिक रेंज को बढ़ाता है जिससे फोटो की क्वालिटी काफी अच्छी हो जाती है. फोटो और विडियो क्वालिटी इम्प्रूवमेंट के लिए इसमें हैप्टिक फीचर भी है. हैप्टिक एक टच सेंसर है जो  खुद काम करता है और फोटो और विडियो की गुणवत्ता बढ़ जाती है. कुल मिला कर V 30+ कैमरे की क्वालिटी को लेकर एक बेहतर फोन साबित होगा. फ़ोन में क्विक चार्ज के साथ वायरलेस चार्जिंग भी दी गयी है. फ़ोन की बैटरी 3300 mAh की है. 
मोबाइल में बेजल्स काफी कम हैं, OLED डिस्प्ले (2880*1410 Pixel Resolution) 6 इंच की स्क्रीन दी गयी है. एंड्राइड के नूगट वर्शन के साथ इसमें 4 GB RAM और 128 जीबी का स्टोरेज दिया गया है. फोन क्वालकॉम Snapdragon 835 प्रोसेसर है. स्पेसिफिकेशन को देखते हुए  4 GB रैम काफी कम है रैम 6 जीबी की जाती तो शायद अच्छा होता, 45,000 रूपये में LG इतना तो कर सकता था. फोन में आपको USB सपोर्ट नहीं मिलेगा. 158 ग्राम वजन के साथ आने वाला V 30+ क्या कमाल करता है ये देखने वाली बात होगी.
लेकिन इस समय मार्केट में इसी स्पेसिफिकेशन के साथ कई मोबाइल फोन हैं, ऐसे में किसी एक को चुनना ग्राहकों के लिए भी कठिन काम है. दरअसल जितनी ज्यादा चॉइस मिलती हैं चुनाव उतना ही कठिन होता है. फोटोग्राफी और विडियो के शौकीनों के लिए ये एक अच्छा फोन साबित हो सकता है. फोन ऑनलाइन amazon.in पर बिक्री के लिए 18 दिसम्बर से उपलब्ध होगा वहां पर आपको 17,000 रूपये का एक्सचेंज डिस्काउंट भी दिखाया जा रहा है.  5 में से 4 स्टार इसको दिए जा सकते हैं.
💙💙💙💙 V 30+ 

बिना हॉलमार्क सोना खरीदना मतलब धोखा

सोना हर किसी को आकर्षित करता है. चाहे गहनों के रूप में हो या फिर निवेश के लिए हम सोना खरीदते ही  हैं. लेकिन क्या आप जानते हैं कि आपका सोना कितना खरा है, या फिर शुद्ध सोने के नाम पर बेचा जा रहा सोना शुध्द है भी या नहीं? आइये आज जानते हैं कि हम शुद्ध सोने की सही और प्रमाणिक पहचान कैसे कर सकते हैं? सोने की शुद्धता का मानक उसका हॉलमार्क है जो उसकी प्रतिशत शुद्धता के आधार पर अंकित किया जाता है. देश में हॉलमार्क का निर्धारण एकमात्र एजेंसी ब्यूरो ऑफ इंडियन स्टैंडर्ड (बीआईएस) करती है. हॉलमार्किंग योजना भारतीय मानक ब्यूरो अधिनियम के तहत गोल्ड संचालन, नियम और विनियम का काम करती है. हालमार्क वाली ज्वैलरी पर हॉलमार्क का निशान और कुछ अंक जैसे 999, 916, 875 अंकित होते हैं. इन्ही अंको से सोने की शुद्धता का राज पता चलता है. आज भी कई सुनार बिना हालमार्क का सोना बेच रहें हैं और लोग खरीद भी रहें हैं. ज्यादातर लोग सोने की शुद्धता को कैरट में जानते हैं जैसे 24 कैरट मतलब सबसे खरा सोना लेकिन इसकी गारंटी क्या है जिसे सुनार 24 शुद्ध कह रहा है उसकी शुद्धता उतनी ही है. इसका पता आसानी से हालमार्क का निशान और 999 अंक देख कर लगाया जा सकता है. 999 का मतलब यहाँ 99.9% शुद्धता से है. यहां अहम आपको अलग कैरट शुद्धता के सोने के लिए हॉलमार्क अंक बता रहें हैं.

  • 24 कैरट 999 
  • 23 कैरट 958 
  • 22 कैरट 916 
  • 21 कैरट 875 
  • 18 कैरट 750 
  • 17 कैरट 708 
  • 9 कैरट 375 

अब यहां सवाल ये है कि  हॉलमार्क वाला सोना कहाँ से मिलेगा केवल बीआईएस से लाइसेंस प्राप्त ज्वेलर ही हॉलमार्क लगा सोना बेच सकते हैं. 
कोई भी सुनार खुद हॉलमार्किंग नहीं कर सकता हैं इसके लिए एक विशेष लैब होती है जो सोने या आभूषणों पर हॉलमार्क का चिन्ह, शुद्धता का अंक, परीक्षण केंद्र का निशान, ज्वेलर का पहचान चिन्ह और वर्ष चिन्हित करती है. कई बार आपका सुनार आपसे कहता है अगर हॉलमार्क वाली ज्वेलरी लेंगें तो महंगी मिलेगी लेकिन प्रति नग  हॉलमार्क लगाने का चार्ज मात्र 25 रूपया है. कई लोग हॉलमार्क का अर्थ 22 कैरट सोने से लगाते हैं, जबकि हॉलमार्क सोने की शुद्धता का मापांक है. शुद्धता के आधार पर सोने और उसके उत्पादों पर हॉलमार्क का निशान अंकित होता है. अत: अब जब भी सोना खरीदे हॉलमार्क की पूरी जानकारी लें. 

Tuesday, 12 December 2017

मोदी और मशरूम कनेक्शन

गुजरात चुनाव विरोधियों को मात देने के लिए नेता सबसे निम्नतम स्तर पर पहुंच गये है, औरंगजेब का वंशज, नीच जैसे शब्द खुल कर प्रयोग हो रहें हैं, शह और मात का खेल भाजपा और विरोधियों में खेला जा रहा है, 14 दिसम्बर को होने वाले चुनाव के लिए आज  प्रचार का अंतिम दिन था,
जहां मोदी ने सी प्लेन के जलवे गुजरातियों को दिखाए वहीं राहुल गांधी ने इसके लिए उनकी खिचाई भी कर डाली। दो युवा तुरूप अल्पेश ठाकोर और जिग्नेश मेवाणी ने वडगाम में संयुक्त रैली कर नरेंद्र मोदी के पर कई व्यक्तिगत प्रहार किये.



अल्पेश ठाकोर ने कहा मोदी की ताकत और गोरेपन का राज एक मशरूम है, इस एक मशरूम की कीमत 8 हजार रूपये है और इसे ताइवान से मंगाया जाता है.
उन्होंने कहा नरेंद्र मोदी रोज 5 यानि 40 हजार के मशरूम खा जाते हैं. इस प्रकार करोड़ों रूपये के तो देश का प्रधानमंत्री मशरूम खा जाता है तो उनके और साथी कितना नहीं खा जाते होंगे. ठाकोर ने चुटकी लेते हुए कहा नरेंद्र मोदी का रंग पहले उनके जैसा काला था ये मशरूम का कमाल है जिससे वे इतने गोरे हो गये हैं. 

Monday, 11 December 2017

दिल्ली में गुलाबी सर्द: दिल्ली की सर्दी

कल रात हुई बारिश के बाद आज दिल्ली में हल्का कोहरा है, तापमान 13℃ सुबह 6 बजे रिकॉर्ड किया गया है जबकि न्यूनतम तापमान 9℃ रिकॉर्ड किया गया था।तय है कि दिल्ली में कड़क ठंड दस्तक देने वाली है। अभी तक ठंड का असर ज्यादा नहीं दिख रहा था लेकिन आज जैकेट, कोट और मफलर में लिपटे लोग सड़कों पर दिख रहे हैं। दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल भी अभी तक मफलर में नहीं दिखे थे जबकि वे मफलर मैन के नाम से ही मशहूर हैं।
इस बारिश के बाद गुलाबी ठंड होने की बात की जा रही है। बारिश के बाद कई ट्रेनों और फ्लाइट्स का भी शेड्यूल भी बिगड़ने की संभावना है। कोहरे के कारण विज़िबिलिटी की समस्या आज तो ज्यादा नहीं है लेकिन आने वाले दिनों में ये समस्या बढ़ सकती है। 

बच्चा चार साल से बड़ा तो नर्सरी में नहीं मिलेगा एडमिशन

नयी दिल्ली, फिर एक बार नर्सरी एडमिशन के लिए दौड़ भाग शुरू होने वाली है लेकिन इस बार अगर आपका बच्चा 31 मार्च 2018 को चार साल से बड़ा हो जाता है तो उसको नर्सरी में एडमिशन नहीं मिलेगा। वैसे अभी एडमिशन शेड्यूल आना बाकी है लेकिन शिक्षा निदेशालय के अधिकारी जो जानकारियां दे रहे हैं उसके अनुसार 4 साल से बड़े बच्चे को नर्सरी में एडमिशन नहीं मिल पायेगा। अधिकारियों के अनुसार 3 से 4 साल तक के बच्चे ही नर्सरी में एडमिशन के योग्य होंगें। एकॉनॉमिकॉली वीकर और डिस एडवांटेज ग्रुप के बच्चे 3 से 5 साल तक नर्सरी में एडमिशन ले सकते हैं।
इंडिया पेरेंट्स एसोसिएशन ने इसका विरोध करना आरम्भ कर दिया है। उनके अनुसार अपर एज की ये लिमिट ठीक नहीं है, यदि ऐसा हुआ तो इसे अदालत में चुनौती दी जाएगी।
शिक्षा निदेशालय के अनुसार नर्सरी एडमिशन के लिए इस वर्ष की अधिसूचना जल्द जारी की जानी है। देखना ये है कि अधिसूचना आने के बाद उसमें क्या शर्तें दिखाई देती हैं।

Sunday, 10 December 2017

ईवीएम और ब्लूटूथ का सच:- ब्लूटूथ स्कैन

ईवीएम और विवाद, हर चुनावों में ये सब शुरू हो ही जाता है, कभी ईवीएम ट्रैप, कभी हैक और अब ब्लूटूथ से जुड़े होने पर विवाद। गुजरात विधानसभा चुनावों में ईवीएम के ब्लूटूथ से जुड़े होने की शिकायत चुनाव आयोग के पास आई तो उन्होंने तुरंत जांच कर ली, लेकिन ऐसी किसी भी बात से आयोग ने इनकार किया तो सच क्या है? क्या था ये ईवीएम ब्लूटूथ विवाद, क्या बेवजह ये विवाद खड़ा किया गया था, तो इस विषय पर चर्चा से पहले ईवीएम की सिक्योरिटी को लेकर बात करना जरूरी हो जाता है। जहां तक बताया जाता है ईवीएम पूर्णतया टैम्पर प्रूफ है। लेकिन समय समय पर ये दावे किए जाते हैं कि ईवीएम को आसानी से टैम्पर किया जा सकता है लेकिन क्या ये भी सम्भव है कि इसे ब्लूटूथ से जोड़कर मनमाफिक वोटिंग की जा सकती है. हमने इस विषय पर कई विशेषज्ञों से बातचीत की तो पता चला कि ईवीएम को ब्लूटूथ से जोड़ना सम्भव नहीं है और जोड़ भी दिया जाय तो वोटिंग नहीं कि जा सकती है। हो सकता है ईवीएम के पास कोई जेनेरिक ब्लूटूथ डिवाइस ऑन हो जिसको अन्य ब्लूटूथ डिवाइस में देखा जा रहा हो क्योंकि आजकल तमाम इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस ब्लू टूथ के साथ आती हैं। जिसमें स्मार्ट टीवी से लेकर छोटे ब्लू टूथ स्पीकर तक शामिल हैं। लेकिन पोलिंग बूथ पर इस प्रकार की डिवाइस का भी क्या काम? जहाँ कोई मोबाइल तक ले जाकर नहीं जा सकता है वहां ये ब्लूटूथ डिवाइस कैसे पहुंची। कुछ छोटे स्पाई कैमरा भी इसी ब्लूटूथ टेक्नोलॉजी के साथ आते हैं ऐसे में ऐसे किसी डिवाइस के होने से मना नहीं किया जा सकता है। लेकिन अभी तक ये संभव नहीं दिखता है की ईवीएम के सर्किट में ब्लूटूथ की मदद से कुछ कारनामा किया जा सके।
(आशुतोष पाण्डेय)
संपादक 

मोटापा कैसे पायें निजात

अब जब मोटापा एक ग्लोबल समस्या है तो इसके समाधान भी सभी ढूंढ रहे हैं. प्राकृतिक चिकित्सा से लेकर योग, आयुर्वेद, एलोपैथ, चाय, कॉफ़ी यहाँ तक चाकलेट में भी मोटापे को कम करने के तरीके खोजे जाते हैं. समय-समय पर कई दावे किये जाते हैं कोई किसी पेय से एक महीने में मोटापा खत्म होने की गारंटी देता है तो डाइट कण्ट्रोल कर मोटापे को कम करने का दावा करता है. आजकल पार्कों में सुबह शाम लोग योग करते दिख जायेंगे जिनका उद्देश्य सिर्फ मोटापे से निजात पाना है. मोटापे का अपना एक बड़ा बाजार भी है.

Photo Courtesy: Google Search
मोटापा सभी बीमारियों की जड़ है और यह एक विश्वव्यापी समस्या भी है, इसके चलते मधुमेह, दिल की बीमारी, थाइरोइड जैसी समस्या पैदा होती हैं.
अब बात ये कि मोटापे के कारण क्या हैं, चाहे हारमोंस की समस्या हो या फिर लाइफ स्टाइल की मोटापा बड़ी तेजी से दुनिया को अपनी गिरफ्त में ले रहा है. हारमोंस के अलावा आज सबसे बड़ा कारण लाइफ स्टाइल है, आरामदायक जिन्दगी और अनियंत्रित फूड हैबिट्स ने मोटापे को आमन्त्रण दिया है. जिन्दगी में शारीरिक श्रम कम होता जा रहा है जिसके चलते मोटापा और उससे जुडी समस्याएं बढ़ती जा रही हैं.
एक समय एक विशेष उम्र के बाद मोटापे की समस्या दिखती थी लेकिन आज तो बचपन भी इससे ग्रसित है, चालीस फीसदी टीन एजर इसकी चपेट में हैं, आरामदायक जिन्दगी और जंक फ़ूड को इसकी सबसे बड़ी वजह बताया जाता है. जंक फूड या कोल्ड ड्रिंक जिनके ये बच्चे आदी हो चुके हैं आज इन बच्चों के जिन्दगी के लिए खतरा बनता जा रहा है.
अब जब समस्या है तो समाधान भी होगा तमाम रिसर्च भले ही कुछ भी दावा करें मोटापे पर काबू पाना आपके हाथ में है, लेकिन इसके लिए एक दृढ इच्छाशक्ति की आवश्यकता होती है, साथ ही एक रूटीन भी फॉलो करना पड़ता है. एक बैलेंस डाइट प्लान, जंक फूड और कोल्ड ड्रिंक को सदा के लिए अलविदा, शारीरिक श्रम, प्राणायाम, बेलेंस नींद कम से कम 6 घंटे और अधिकतम 8 घंटे, 3 घंटे शारीरिक श्रम जिसमें मोर्निंग वाक् सूक्ष्म व्यायाम और घरेलू कामों के साथ कैलोरी बर्न करना शामिल हैं किये जा सकते हैं.
जो लोग अल्कोहल का प्रयोग करते हैं इसका इस्तेमाल तुरंत कम कर दें और धीरे धीरे इसे छोड़ दें अल्कोहल जहां मानसिक संतुलन को बिगाड़ता है, वही शारीरिक मेटाबोलिज्म को भी खराब करता है. नॉन वेज डाइट भी कहीं ना कहीं आपके मोटापे का कारण हैं, जहां इस प्रकार की डाइट को पचाने में लंबा समय लगता है वहीं ये आपके शरीर में बैड कोलेस्ट्रोल को भी बढाता है. एक सर्वेक्षण के अनुसार खुश रहने वाले लोग मोटापे से जल्द निजात पा लेते हैं. इसलिए खुश रहें अपनी लाइफस्टाइल को बदलें नहीं तो मोटापा आपकी जिन्दगी को बीमारियों की दूकान बना देगा.

Friday, 8 December 2017

इन्टरनेट सर्विस प्रोवाइडर की मनमानी : ZAPBYTES रोहिणी

इंटरनेट जिसके बिना आज दुनिया ठप्प दिखती है उसके नाम पर इन्टरनेट सर्विस प्रोवाइडर चांदी काट रहें हैं, सबसे बड़ा मसला स्पीड को लेकर है, कनेक्शन देते वक्त तो ये प्रोवाइडर बड़े वादे करते हैं लेकिन उसके बाद अधिकाँश समय उपभोक्ता परेशान ही रहते हैं, सबसे ज्यादा परेशान लोकल प्रोवाइडर करते हैं जो एक लिमिटेड एरिया में कनेक्शन बाँट रहे होते हैं इनका ना ही कोई सपोर्ट सिस्टम होता है, ना ही कोई ऑफिस कालोनियों में पर्चे बांटकर ये ग्राहक फसातें हैं लेकिन जो एक बार फंस जाए उससे एक साथ तीन या छः महीने का पेमेंट लेकर ग्राहकों को परेशान छोड़ देते हैं, ऐसे ही एक इन्टरनेट प्रोवाइडर से न्यूज कॉज ने भी कनेक्शन लिया जिसमें 3 महीने का पेमेंट एडवांस लेने के बाद आये दिन कनेक्शन खराब रहने लगा, लगातर 10 मिनट तक स्टेबल कनेक्शन कभी नहीं मिला 70% समय में 25 एमबीपीएस की स्पीड के वादे के बाद अब .09 एमबीपीएस की स्पीड ही मिल रही है, ये कनेक्शन zapbytes के द्वारा दिया गया था लेकिन जब इसकी शिकायत की बारी आयी तो ये कस्टमर केयर का जो नम्बर वेबसाइट में दिया गया है 011667099000  पर फोन करने पर कहा गया उससे बात करें जिसने कनेक्शन दिया है, जब कनेक्शन के पैसे लेने वाले संजय 9999771763 से बात की तो उन्होंने आश्वासन दिया की आगे कोई परेशानी नहीं आएगी, लेकिन उसी दिन फिर से यही समस्या कई बार जिसे ठीक कर दिया गया.
इसके बाद 10 दिन के बाद फिर नेट बंद हो गया तो इस बार कस्टमर केयर ने किसी विनय का मोबाइल नंबर 9311164136 दिया, उन्होंने बताया कि ये प्रॉब्लम पीछे से जल्द ठीक हो जाएगी, लेकिन 24  घंटे बाद भी जब कुछ नहीं हुआ तो फिर उनको फोन किया गया और उनके द्वारा बार बार फोन काट दिया गया. इंटरनेट प्रोवाइडर कम्पनी को इस बाबत कई मेल भी भेजे गए लेकिन किसी के कान में जूं रेगी। एक बार कनेक्शन  दे दिया बन गया इनका काम, इतना ही नहीं जो बिल दिया जाता है उसकी स्लिप पर zapbytes का कहीं कोई नाम नहीं होता है, बिल पर पटेल नेटवर्क ला वॉटरमार्क दिख रहा है. GST का भी कोई उल्लेख इनके बिल पर नहीं मिलता है. जबकि कनेक्शन देते वक्त बताया गया था 620 रूपये प्रतिमाह के बिल में 500 रूपया  + 18 % GST शामिल है. लेकिन जब GST नंबर ही नहीं है तो GST वसूलने का अर्थ क्या है, रोहिणी से ही ये सर्विस प्रोवाइडर हजारों का चूना जहां सरकार को लगा रहा है वहीं ग्राहकों को भी बेवकूफ बना रहा है. इसके लिए न्यूज़ कॉज द्वारा प्राधिकरण से भी मेल के द्वारा सवाल पूछे गए हैं कि इंटरनेट स्पीड संबंधी क्या क़ानून हैं?

क्या राहुल की ताजपोशी के साथ कांग्रेस खत्म हो जायेगी::एक रोचक आंकलन

कांग्रेस अध्यक्ष के रूप में राहुल गांधी की ताजपोशी क्या कांग्रेसी साम्राज्य का अंत साबित होने वाला है? ऐसे कई सवाल पिछले कुछ दिनों से सुनाई दे रहें हैं. गुजरात विधान सभा चुनावों से ठीक पहले राहुल को कांग्रेस सुप्रीमो की कमान देना कई मायनों में दिलचस्प है, पहली बात तो यहाँ ये उठती है कि क्या सोनिया गांधी के नेतृत्व में कांग्रेसी एक नहीं हो पा रहे थे? दूसरी बात ये कि क्या राहुल कांग्रेसी दिग्गजों को संभाल पाएंगे? उनके चुनाव के साथ ही कई सवाल पार्टी के कई नेता वंशवाद जैसे सवाल खड़े कर चुके हैं. वर्तमान हालातों में इससे कांग्रेस को बड़ा लाभ नहीं दिख रहा है, विशेषकर गुजरात चुनावों में, लेकिन यदि राहुल की ताजपोशी के बाद गुजरात में कांग्रेस का वोट प्रतिशत बढ़ता है और ये वोट प्रतिशत सीटों में तब्दील होता है तो जरूर राहुल मजबूत होंगे. कांग्रेस की हार का सीधा ठीकरा इस बार राहुल के सर फूटना तय है. कांग्रेस मुक्त भारत का जो नारा मोदी ने दिया था उस पर लगातार उनको सफलता भी मिली है, लेकिन इस बार गुजरात चुनावों में मोदी की तल्लीनता और आक्रामक शैली एक बार फिर कुछ कमाल कर सकती है, सच कहें तो मोदी को ऐन वक्त पर तीर चलाने में महारत हासिल है. इस बार भी राहुल गांधी के बयानों को लेकर सहानुभूति भी बटोर रहें हैं, मोदी वोटरों को लुभाने के तरीकों का इस्तेमाल काफी कुशलता से करते हैं, वहीं राहुल कहीं ना कहीं राजनितिक मर्यादा में फंसे दिखते हैं, जहां कांग्रेस मोदी को "नीच" कहने वाले को पार्टी से सस्पेंड करती है, वहीं भाजपा ने सोनिया और राहुल को गाली देने वालों को सदा प्रमोशन ही दिया है.
राजनीति को एक वेश्या की तरह प्रयोग में लाने में भाजपा की महारत के सामने फिर राहुल एक बार फीके ही दिख रहें है, उनमें एक असामाजिक की तरह बहस करने की कुव्वत नहीं है और ना ही उनके पास मोदी जैसे समर्थक हैं जो उनके हर अच्छे बुरे कामों को सही ठहरा सकें. आज राजनीति में एक शातिर खिलाड़ी की आवश्यकता है जो राहुल कहीं भी नहीं दिखते हैं, ऐसे में आने वाले वर्षों में कांग्रेस बीते जमाने की बात हो जाय तो कोई आश्चर्य नहीं होगा, लेकिन अब बात एक संभावना की जो कहीं दिखती भी है, यदि राहुल के नेतृत्व में कांग्रेस गुजरात में कुछ भी अच्छा कर सकती है तो ये तय है कि पूरे देश में कांग्रेस वापस लौटेगी. 

Monday, 31 July 2017

अब रसोई में डाका: एल पी जी सब्सिडी होगी समाप्त

सरकार अब घरेलू एलपीजी पर मिलने वाली सब्सिडी खत्म कर रही है, मार्च 2018 या उससे पहले सब्सिडी को पूर्ण रूप से समाप्त कर दिया जाएगा ये जानकारी केन्द्रीय पेट्रोलियम मंत्री धमेंद्र प्रधान ने दी, उन्होंने कहा कि 14.2 किलोग्राम वाले सिलिंडर की कीमत हर माह 4 रूपया बढ़ाई जायेगी. लोकसभा में एक लिखित जवाब में उन्होंने कहा कि सरकार ने ये आदेश 30 मई 2017 को ही पास कर दिया था.

  • हर महीने बढ़ेंगे दाम, 4 रूपया बढ़ाया जाएगा दाम 
  • पेट्रोलियम मंत्री ने लोकसभा में दी ये जानकारी 
  • मार्च 2018 तक घरेलू गैस में सब्सिडी को खत्म किया जायेया 
  • मोदी सरकार ने जिन गरीबों को उज्ज्वला योजना में गैस कनेक्शन दिए हैं, उनका क्या होग?
  • विपक्ष क्यों है खामोश?

आयल कम्पनियों को 1 जून से ही प्रतिमाह 4 रूपया बढाने को कहा गया है. ये आदेश मार्च 2018 या सब्सिडी खत्म होने तक लागू रहेगा.
सभी तेल कम्पनियों को मार्च 2018 तक सब्सिडी पूरी तरह खत्म करने का आदेश दे दिया गया है. इससे पहले 1 जुलाय 2016 को भी सरकार ने प्रतिमाह सिलेंडर की कीमत 2 रूपया बढाने का आदेश कम्पनियों को दिया था. जिसके बाद से ये कम्पनियां 10 बार दाम बढ़ा चुकी हैं. एक ओर केंद्र सरकार उज्जवला योजना के अंतर्गत गैस कनेक्शन बाँट रही है और वही दूसरी ओर गैस की सब्सिडी खत्म कर रही है, अब सवाल ये है कि एक गरीब जिसे मुफ्त में गैस कनेक्शन दिया गया था इतना महंगा सिलिंडर कैसे खरीद पायेगा. अगर दिल्ली की बात करें तो सब्सिडी वाले सिलिंडर की कीमत 477.6 रूपये है, बिना सब्सिडी इसकी कीमत 564 रूपये है. इस प्रकार अभी लगभग 86 रूपया प्रति सिलिंडर सब्सिडी दी जा रही है. पहले ही देश की जनता बढ़े रेल किराए, बढ़ते पेट्रोल और डीजल के दाम, खाने के सामान के बढ़ते दामों से त्रस्त है उसके उपर ये अतिरिक्त बोझ जबकि बैंक बचत खातों पर ब्याज दर लगातार कम कर रहें हैं छोटे और मध्यम वर्ग को देश में खत्म करने की साजिश ही दिखती है. इस पर विपक्ष भी चुप्पी साधे है, उसके लिए वन्देमातरम, गौ रक्षक भूख से बड़े मुद्दे हो गये हैं.



जंक फूड: ये दिल है कि मानता नहीं

आज जंक फूड आम आदमी की लाइफस्टाइल में शामिल हो चुका है. एक समय में बड़े लोगों का शौक कहा जाने वाला जंक फूड आज हर घर में अपनी दस्तक दे रहा है. असल में जंक फूड क्या है? ज्यादातर प्रोसेस्ड रेडीमेड, रेडी टू इट या डिब्बा बंद फ़ूड जंक या फ़ास्ट फूड कहलाता है. सारी दुनिया में जंक फूड का एक बड़ा बाजार है जो लगातार बढ़ता जा रहा है. जहां जंक फूड को स्वास्थ्य के लिए घातक बताया जाता है वही इसके प्रयोगकर्त्ता भी बढ़ते जा रहें हैं. युवाओं और बच्चों का ही नहीं हर उम्र के स्त्री पुरुषों का भी ये फेवरेट फ़ूड है. 
जल्द तैयार होना, सब जगह आसानी से मिलना और अपने ख़ास स्वाद के कारण लोग इसके आदि होते जाते हैं. जंक फूड कई बीमारियों को जन्म देता है, जिसमें मोटापा, दिल की बीमारियाँ, रक्तचाप समस्या और पेट की बीमारियाँ मुख्य हैं. कई बड़ी फूड चेन पूरी दुनिया में इसी जंक फूड के कारण अरबों का कारोबार कर रही  हैं. मैक डोनाल्ड्स, के ऍफ़ सी, बर्गर किंग जैसी कई चेन दुनिया भर में अपना साम्राज्य स्थापित कर चुकी हैं. कई शोध तो यहाँ तक दावा करते हैं कि ज्यादा जंकफूड खाने से प्रजनन क्षमता परभी असर पड़ता है. कई घातक रसायनों का प्रयोग इनके संरक्षण के लिए किया जाता है. कई बार हमारे देश में भी ऐसी फास्टफूड उत्पादों पर रोक लगाई जा चुकी है, लेकिन ऐसी रोक लम्बे समय तक प्रभावी कभी नहीं रह पायी. कुछ समय पहले मैगी नूडल्स पर भी देश में बिक्री पर रोक लगाईं गयी थी. 
जंक फूड का मार्केट इतना बड़ा है कि स्वदेशी के नाम पर आयुर्वेदिक उत्पाद बेचने वाली रामदेव की कम्पनी पतंजलि भी नूडल्स बेच रही है. अब बात करते हैं स्वास्थ्य विशेषज्ञों की उनका मानना है कि यदि जंक फ़ूड कभी कभी खाया जाय तो कतई हानिकारक नहीं है, लेकिन लम्बे समय तक लगातार इसका प्रयोग कई बीमारियों को दावत दे सकता है. मीडिया के जरिये इस उत्पादों का खुले आम प्रचार किया जाता है. आज की लाइफ स्टाइल में लोगों के लिए हर चीज को प्राकृतिक रूप में लेना संभव नहीं है. सभी अनाज, फल या सब्जियां भी कई प्रकार के रसायनों और कीटनाशकों के प्रयोग से उगाये जाते हैं ऐसे में क्या खाना ठीक है क्या गलत कुछ कहने की स्थिति में कोई नहीं है. लेकिन खाने कि आदतों पर नियन्त्रण आवश्यक है.